आईसीसी टी20 विश्व कप 2024 में भारत के सबसे सफल गेंदबाज़ अर्शदीप सिंह ने अपनी सफलता का श्रेय अनुभवी गेंदबाज़ जसप्रीत बुमराह को दिया। अर्शदीप ने आस्ट्रेलिया के खिलाफ 3 महत्वपूर्ण विकेट लेते हुए इस टूर्नामेंट में अब तक कुल 15 विकेट हासिल किए हैं। इससे उन्होंने 2007 विश्व कप में आरपी सिंह के 12 विकेटों का रिकॉर्ड तोड़ दिया है।
जसप्रीत बुमराह – भारतीय क्रिकेट का उभरता सितारा
आपने हाल ही में जसप्रीत बुमराह के नाम सुना होगा, खासकर ICC चैंपियंस ट्रॉफी और आईपीएल की चर्चाओं में। वह सिर्फ एक नया खिलाड़ी नहीं, बल्कि तेज़ गेंदबाज़ी और फील्डिंग दोनों में दमदार प्रदर्शन कर रहा है। इस लेख में हम उसकी शुरुआती यात्रा, हालिया फ़ॉर्म और फिटनेस रूटीन को सरल भाषा में समझेंगे ताकि आप भी उसकी प्रगति का पूरा जायजा ले सकें।
बुमराह की क्रिकेट यात्रा
जसप्रीत ने अपना घरेलू क्रिकेट 2021‑22 सीज़न से शुरू किया, लेकिन असली पहचान उसे 2023 में मिली जब उसने डोमेस्टिक टूर्नामेंट में तेज़ पिच पर 4 विकेट लिए। इस प्रदर्शन के बाद भारतीय टीम के चयनकर्ताओं का ध्यान उसके ऊपर गया और वह जल्द ही भारत ‘A’ की श्रृंखला में शामिल हुआ। 2024 में उसने अपने पहले अंतरराष्ट्रीय टेस्ट मैच में 3 विकेट लेकर अपनी क्षमता दिखा दी, जिससे उसे भविष्य की योजना में जगह मिली।
आईसीसी चैंपियंस ट्रॉफी के दौरान बुमराह ने टॉप‑स्पिन और तेज़ डिलीवरी दोनों का मिश्रण इस्तेमाल किया, जिससे विपक्षी बैट्समैन को झुंझलाया गया। उसकी सबसे बड़ी उपलब्धि 6/45 की पावरप्ले में ली थी, जो भारत को जीत दिलाने वाला मोमेंट बना। इस सफलता ने न केवल उसके आत्मविश्वास को बढ़ाया बल्कि टीम के बॉलिंग कॉम्बिनेशन में नई ऊर्जा भी लाई।
फ़िटनेस और खेलने का अंदाज़
बुमराह की फिटनेस रूटीन बहुत ही व्यवस्थित है। वह सुबह 6 बजे उठकर 30 मिनट की कार्डियो (जॉगिंग या साइकल) करता है, फिर स्ट्रेंथ ट्रेनिंग में फोकस करता है – विशेष रूप से कोर और पैर की मसल्स पर। यह routine उसे लगातार 140 किमी/घंटा जैसी गति बनाए रखने में मदद करती है, जो तेज़ बॉल डिलिवरी के लिए जरूरी है।
खेलते समय वह अपने रन‑अप को छोटा रखता है ताकि लैंडिंग सटीक हो और बॉल की स्विंग बेहतर रहे। फील्डिंग में भी उसका एग्जाइलिटी हाईलाइटेड होती है; अक्सर वह सीधे स्लिप या कवर्ट में तेज़ रिफ्लेक्स से कैच ले लेता है, जिससे टीम को अतिरिक्त वकेट मिलते हैं। अगर आप उसकी ट्रेनिंग के टिप्स अपनाएं तो आपका भी खेल सुधार सकता है – जैसे कि स्नैप ड्रिल और बॉल-हैंड कोऑर्डिनेशन एक्सरसाइज।
आने वाले सीज़न में बुमराह को विभिन्न पिचों पर खेलने का मौका मिलेगा, खासकर भारत के घर की पिच जहाँ तेज़ रफ़्तार बॉल काम आती है। अगर आप उसके मैच देखना चाहते हैं तो IPL 2025 के गुजरात टाइटंस या भारतीय टेस्ट टीम के अगले फ़ैज़ी सीरीज में उसकी परफ़ॉर्मेंस ज़रूर देखें।
संक्षेप में, जसप्रीत बुमराह न केवल तेज़ गेंदबाज़ी में बल्कि फिटनेस और फील्डिंग में भी एक पैकेज है जो युवा क्रिकेटरों को प्रेरित करता है। उसकी कहानी से सीखें, मेहनत करें और खेल के हर पहलू पर ध्यान दें – तभी आप भी मैदान पर चमक सकते हैं।