यूपीएससी ने पू्जा खेडकर की सीएसई 2022 की अस्थाई उम्मीदवारी को धोखाधड़ी और फर्जीवाड़े के आरोपों के चलते रद्द कर दिया है। उन्हें सभी भविष्य में होने वाली यूपीएससी परीक्षाओं से प्रतिबंधित कर दिया गया है। खेडकर ने परीक्षा नियमों का उल्लंघन किया और अपने नाम और अभिभावकों के नाम में हेराफेरी की जिससे अधिक परीक्षा देने के प्रयास किए।
IAS परीक्षा: कैसे बनें सफल उम्मीदवार?
अगर आप भी सिविल सेवा का सपना देख रहे हैं तो IAS परीक्षा आपके लिए सबसे बड़ा मौका है। लेकिन बहुत से aspirants उलझन में फँस जाते हैं – क्या पढ़ें, कब पढ़ें और कैसे तैयारी करें? चलिए इस लेख में सीधे‑सीधे उन सवालों के जवाब देते हैं जो अक्सर पूछे जाते हैं.
पहला कदम: सिलेबस को समझें
UPSC का सिलेबस दो भागों में बांटा गया है – प्रीलिम्स और मेन परीक्षा। प्रीलिम्स में दो पेपर होते हैं (ऑब्जेक्टिव), जबकि मेन में तीन (एसेसमेंट) होते हैं: निबंध, सामान्य अध्ययन I & II और वैकल्पिक विषय. सबसे ज़रूरी बात यह है कि आप सिलेबस को पूरे साल के लिए अपने रोडमैप की तरह इस्तेमाल करें। हर टॉपिक का वजन जानें, फिर उस हिसाब से टाइमटेबल बनायें.
दूसरा कदम: भरोसेमंद सामग्री चुनें
बहुत सारे कोर्स और नोट्स बाजार में उपलब्ध हैं, पर सबसे असरदार वही है जो आपके समझ के स्तर से मेल खाता हो। NCERT की किताबों को आधार बनायें – ये बुनियादी तथ्य और अवधारणाएँ देती हैं जिन्हें आप आगे के उन्नत स्रोतों में गहरा कर सकते हैं. इसके बाद, सालाना अपडेटेड ‘कुर्सर’ या ‘इनसाइट्स’ जैसे कॉम्पैक्ट नोट्स का उपयोग करें। ऑनलाइन प्लेटफ़ॉर्म पर मुफ्त वीडियो लेक्चर (जैसे Unacademy, BYJU’S) भी मददगार होते हैं, बशर्ते आप उन्हें नियमित रिवीजन के साथ जोड़ें.
अब बात करते हैं प्रैक्टिस की. पिछले सालों के प्रश्नपत्र और मॉक टेस्ट को हल करना चाहिए। यह न केवल आपका टाइम मैनेजमेंट बेहतर बनाता है बल्कि परीक्षा पैटर्न से भी परिचित कराता है. हर मॉक के बाद अपना उत्तर विश्लेषण करें – कौन से टॉपिक में कमज़ोरी है, किस प्रकार की प्रॉब्लम स्टेटमेंट्स बार‑बार आती हैं.
जब आप तैयारी के मध्य चरण में हों तो ‘नोट‑टेकिंग’ को गंभीरता से लें. छोटे-छोटे बुलेट पॉइंट बनायें, मैपिंग चार्ट तैयार करें और हर विषय का सारांश एक ही फाइल में रखें. इससे रिवीजन आसान हो जाता है और अंतिम दिनों में आप तेज़ी से सभी मुख्य बिंदु दोहरा सकते हैं.
एक और महत्वपूर्ण टिप – वर्तमान घटनाओं की नियमित पढ़ाई. रोजाना ‘दैनिक समाचार’ या ‘दिनभर का सारांश’ पढ़ें, फिर उसे नोट करें कि वह किस जनरल स्टडीज (GS) पेपर में फिट बैठता है. यह न केवल मेन परीक्षा के एसेसमेंट भाग को सुदृढ़ करता है बल्कि प्रीलिम्स के ऑप्टिकल प्रश्नों में भी मदद करता है.
अंत में, अपना स्वास्थ्य नहीं भूलें। पर्याप्त नींद, संतुलित आहार और हल्का व्यायाम आपके दिमाग की कार्यक्षमता बढ़ाते हैं. तनाव कम करने के लिए माइंडफुलनेस या योग अपनाएँ – इससे परीक्षा के दिन फोकस बनाए रखना आसान होता है.
तो, तैयार हो जाएँ! सिलेबस समझें, सही सामग्री चुनें, लगातार प्रैक्टिस करें और स्वस्थ रहकर अपने लक्ष्य की ओर बढ़ें. याद रखिए, IAS केवल किताबों से नहीं बल्कि आपके निरंतर प्रयास और रणनीति से जीतता है.