हॉलीवुड अभिनेता मैथ्यू पेरी की मौत केटामिन ओवरडोज के कारण हुई। जसवीन सांघा, जिन्हें 'केटामिन क्वीन' के नाम से जाना जाता है, पर पेरी की मौत के सिलसिले में आरोप लगे हैं। जसवीन एक नशीले पदार्थ वितरण नेटवर्क की मुख्य खिलाड़ी मानी जाती हैं। उनकी गिरफ्तारी और विभिन्न आरोपों ने इस मामले को और भी गंभीर बना दिया है।
ओवरडोज : समझें, पहचानें और बचाव के उपाय
आपने कभी सुना होगा "ओवरडोज" शब्द, लेकिन असल में इसका मतलब क्या है? साधारण भाषा में कहें तो यह तब होता है जब कोई दवा या नशे की चीज़ निर्धारित मात्रा से ज्यादा लेता है। अक्सर लोग गलती से या इरादतन अधिक सेवन कर लेते हैं और जल्दी ही गंभीर स्वास्थ्य समस्याओं का सामना करना पड़ता है। इस लेख में हम ओवरडोज के आम लक्षण, कारण और सबसे जरूरी बचाव कदमों को समझेंगे ताकि आप या आपके आसपास कोई भी ऐसी स्थिति में सही फैसला ले सके।
ओवरडोज के सामान्य लक्षण
लक्षण दवा या पदार्थ पर निर्भर करते हैं, लेकिन कुछ संकेत अक्सर मिलते-जुलते होते हैं। अगर किसी को अचानक उल्टी, सांस फूलना, तेज़ दिल की धड़कन या बेहोशी जैसी स्थिति दिखे तो ओवरडोज का शक होना चाहिए। अन्य आम लक्षणों में बेतहाशा पसीना आना, भ्रम, चक्कर आना और बोलने‑समझने में दिक्कत शामिल हैं। ये संकेत अक्सर तेज़ी से बढ़ते हैं, इसलिए इन्हें नज़रअंदाज़ नहीं करना चाहिए।
क्या करें अगर ओवरडोज हो गया?
सबसे पहले शांति बनाए रखें और तुरंत मेडिकल मदद के लिए 112 या स्थानीय इमरजेंसी नंबर डायल करें। यदि आप पेशेवर डॉक्टर की सहायता तक पहुँचने से पहले ही स्थिति को स्थिर करना चाहते हैं, तो कुछ बेसिक कदम मददगार होते हैं: अगर व्यक्ति बेहोश है तो उसकी हिलाने‑डोलने वाली हरकतें रोकें, उसकी सांसों को साफ रखें और जरूरत पड़े तो CPR (कार्डियोपल्मोनरी रेससिटेशन) शुरू करें। यदि दवा के साथ कोई एंटीडोट उपलब्ध हो (जैसे नालॉक्सोने), तो उसे डॉक्टर की सलाह से देना बेहतर रहता है।
इसी दौरान, यह याद रखें कि शराब या ओपीएडी जैसे पदार्थों का अधिक सेवन अक्सर कई बार दोहराव में होता है। इसलिए सिर्फ इमरजेंसी इलाज नहीं, बल्कि लम्बी अवधि के उपचार और काउंसलिंग की जरूरत भी होती है। परिवार को सहयोग देना, पुनर्वास केंद्रों से संपर्क करना और संभावित ट्रिगर पॉइंट्स को पहचानना बचाव का एक महत्वपूर्ण हिस्सा है।
ओवरडोज से बचने के लिए सबसे बेहतर उपाय हैं—सही डोज़ समझना, दवा को सही समय पर लेना, डॉक्टर की सलाह बिना नहीं बदलना और अगर आपको नशे की लत लग रही हो तो तुरंत प्रोफेशनल मदद लें। कई बार लोग अपनी समस्या को छोटा मान कर खुद से ठीक करने की कोशिश करते हैं, लेकिन इससे स्थिति बिगड़ सकती है। याद रखें, एक छोटी सी सावधानी बड़ी बचाव बन सकती है।
समाप्ति में कहा जा सकता है कि ओवरडोज सिर्फ़ दवा या नशे का मामला नहीं, यह सामाजिक और मानसिक स्वास्थ्य से भी जुड़ा हुआ है। अगर आप या आपके जानने वाले इस समस्या के संपर्क में हैं तो तुरंत मदद माँगें और सही जानकारी के साथ कदम बढ़ाएँ।