शेयर बाजार बड़ी गिरावट के साथ खुला, सेंसेक्स 690 अंक लुढ़का, निफ्टी भी फिसला

शेयर बाजार बड़ी गिरावट के साथ खुला, सेंसेक्स 690 अंक लुढ़का, निफ्टी भी फिसला

जुल॰, 12 2025

बाजार में जबरदस्त गिरावट, निवेशकों की धड़कनें तेज

हर किसी की नजर जो खुले शेयर बाजार पर टिकी थी, वहां हरे की जगह लाल रंग दिखा। 10 जुलाई 2025 को भारतीय शेयर बाजार की शुरुआत भारी गिरावट के साथ हुई। शेयर बाजार के दोनों बड़े इंडेक्स—सेंसेक्स और निफ्टी—अचानक फिसल गए। सेंसेक्स 690 अंक तक गिरकर 82,922.21 पर आ गया। वहीं, निफ्टी भी 25,300 के नीचे टूटकर 25,289.00 पर पहुंच गया। निवेशकों के चेहरे पर टेंशन साफ नजर आई।

इस गिरावट के पीछे है बड़ी वजह—देश-विदेश की अनिश्चितता। अमेरिका में डोनाल्ड ट्रंप के संभावित नए टैरिफ को लेकर निवेशकों में डर बना हुआ है। अमेरिका और भारत के बीच ट्रेड पर बातचीत भी बाजार पर असर डाल रही है। कई विश्लेषकों के मुताबिक, जब तक इन वैश्विक घटनाओं को लेकर तस्वीर साफ नहीं होगी, तब तक बाजार में ऐसी हलचल बनी रहेगी।

मल्टीकैप के मुकाबले दिग्गज शेयरों में दिखी मजबूती

इतनी गिरावट के बीच भी कुछ शेयरों ने दम दिखाया। मारुति सुजुकी और टाटा स्टील जैसे दिग्गजों ने मामूली बढ़त बनाई। दूसरी तरफ, रिलायंस इंडस्ट्रीज, एचडीएफसी बैंक और हिंदुस्तान यूनिलीवर जैसी बड़ी कंपनियां दबाव में रहीं। खास बात यह रही कि बड़े शेयर, यानी लार्ज कैप, ने छोटे और मिडकैप शेयरों की तुलना में बेहतर प्रदर्शन किया। इस साल के पहले छह महीनों में निफ्टी 50 ने करीब 7.9% का रिटर्न दिया, जबकि मिडकैप और स्मॉलकैप में कमजोर तेजी दिखी।

आईटी सेक्टर आज सबसे ज्यादा दबाव में रहा। टीसीएस के तिमाही नतीजों से पहले निवेशकों में बेचैनी दिखी और आईटी के ज्यादातर शेयर लाल निशान में चले गए। इसका सीधा असर पूरे सेक्टर पर पड़ा।

  • सेंसेक्स – 690 अंक गिरकर 82,922.21 पर
  • निफ्टी 50 – 25,300 के नीचे, 25,289.00 पर
  • टीसीएस की कमाई पर सबकी नजर
  • रिलायंस, एचडीएफसी बैंक, यूनिलीवर में गिरावट
  • मारुति और टाटा स्टील में हल्की तेजी

इसके अलावा, मार्केट रेगुलेटरी बॉडी SEBI की बड़ी कार्रवाई ने भी बाजार की धारणा पर असर डाला। अमेरिकी कंपनी Jane Street को मैनिपुलेटिव ट्रेडिंग की वजह से भारतीय बाजार से बैन कर दिया गया और 4,843 करोड़ रुपये से ज्यादा की गैरकानूनी कमाई जब्त कर ली गई। इससे बाजार में कतई साफ संदेश गया कि अब ऐसी हरकतें बर्दाश्त नहीं होंगी।

बाजार के तकनीकी एक्सपर्ट सुन्दर केवत ने बताया कि निवेशक फिलहाल सतर्क हैं। Q1 के नतीजों का इंतजार, अमेरिकी ट्रेड पॉलिसी की स्थिति और सेबी की कार्रवाइयों के चलते थोड़ा डर फैला हुआ है। नए निवेश की बजाय लोग रिस्क से बचने की कोशिश कर रहे हैं।

8 टिप्पणियाँ

  • Gaurav Verma
    के द्वारा प्रकाशित किया गया Gaurav Verma
    04:26 पूर्वाह्न 07/14/2025
    ये सब एक नाटक है। SEBI का बैन? बस दिखावा है। असली लोग तो बाहर हैं।
  • Fatima Al-habibi
    के द्वारा प्रकाशित किया गया Fatima Al-habibi
    21:48 अपराह्न 07/14/2025
    क्या हम अभी भी यह मान रहे हैं कि बाजार की गिरावट किसी एक कारण के कारण होती है? यह तो एक सिस्टमिक फेलियर का संकेत है।
  • Nisha gupta
    के द्वारा प्रकाशित किया गया Nisha gupta
    06:49 पूर्वाह्न 07/16/2025
    हम सब लोग बाजार को एक जीवित चीज़ की तरह देखते हैं-जिसे आप बुलाते हैं, वह आता है। लेकिन यह तो एक जटिल अल्गोरिदम का निर्माण है, जिसमें मनुष्य की भावनाएँ भी शामिल हैं। जब आप डरते हैं, तो वह आपको खा जाता है।
  • Roshni Angom
    के द्वारा प्रकाशित किया गया Roshni Angom
    08:53 पूर्वाह्न 07/17/2025
    हर गिरावट के बाद एक नया उतारचढ़ाव होता है... ये सिर्फ एक चक्र है... और अगर आप शांत रहेंगे, तो ये आपके लिए एक अवसर बन जाएगा... बस इतना ही...
  • vicky palani
    के द्वारा प्रकाशित किया गया vicky palani
    08:38 पूर्वाह्न 07/18/2025
    तुम सब बस भावनाओं में डूबे हो। टीसीएस की कमाई देखो, रिलायंस का डेटा देखो, फिर बताओ कि ये गिरावट क्यों हुई? ये नहीं कि ट्रंप ने कुछ कहा, ये नहीं कि SEBI ने कुछ किया-ये फंड फ्लो है, बस।
  • jijo joseph
    के द्वारा प्रकाशित किया गया jijo joseph
    18:33 अपराह्न 07/18/2025
    लार्ज कैप का रिलेटिव स्ट्रेंथ इस समय के लिए बहुत स्पष्ट है-इनका लिक्विडिटी प्रीमियम और फंडमेंटल्स एक्सपोजर दोनों अभी भी स्टेबल हैं। मिडकैप अभी अनसिक्योर्ड हैं, और आईटी सेक्टर में ग्रोथ रिविजन अभी भी ओवरहेड है।
  • Manvika Gupta
    के द्वारा प्रकाशित किया गया Manvika Gupta
    00:04 पूर्वाह्न 07/20/2025
    मैंने आज अपना पैसा निकाल लिया... बस इतना ही... अब तो बस इंतजार...
  • leo kaesar
    के द्वारा प्रकाशित किया गया leo kaesar
    12:57 अपराह्न 07/21/2025
    ये सब ट्रंप का जाल है। अमेरिका भारत को नीचा दिखाना चाहता है। और हम सब बेवकूफ बन रहे हैं।

एक टिप्पणी लिखें